यूपी में पंचायत चुनाव टलना तय, फिर बढ़ी मतदाता सूची के प्रकाशन की तारीख, अब 15 अप्रैल को आएगी लिस्ट
आयोग ने 18 दिसंबर को प्रारंभिक पुनरीक्षण सूची जारी की थी। इसमें पिछले चुनाव की अपेक्षा कुल 40.19 लाख मतदाता बढ़े थे। सूची को लेकर आयोग ने दावे और आपत्तियां मांगी थीं। लाखों दावे व आपत्तियां आई हैं। पहले छह फरवरी को अंतिम सूची प्रकाशित की जानी थी लेकिन आयोग अब समयसीमा बढ़ा दी है।
लखनऊ। उत्तर प्रदेश में पंचायत चुनाव की मतदाता सूची के अंतिम प्रकाशन की तारीख फिर बढ़ा दी गई है। अब सूची 15 अप्रैल को जारी होगी। दावे-आपत्तियों के निस्तारण और अन्य प्रक्रिया जारी है। तारीख बढ़ने से पंचायत चुनाव टलने की संभावना तेज हो गई है। राज्य निर्वाचन आयोग तैयारी में जुटा है।
पंचायत चुनाव के चल रहे मतदाता पुनरीक्षण 2025 अभियान की समय सीमा बढ़ा दी गई। अब दावे और आपत्तियों के निस्तारण समेत अन्य कार्यवाही 13 अप्रैल तक होगी। 15 अप्रैल को राज्य निर्वाचन आयोग अंतिम सूची प्रकाशित करेगा।
आयोग ने 18 दिसंबर को प्रारंभिक पुनरीक्षण सूची जारी की थी। इसमें पिछले चुनाव की अपेक्षा कुल 40.19 लाख मतदाता बढ़े थे। सूची को लेकर आयोग ने दावे और आपत्तियां मांगी थीं। लाखों दावे व आपत्तियां आई हैं। पहले छह फरवरी को अंतिम सूची प्रकाशित की जानी थी लेकिन आयोग अब समयसीमा बढ़ा दी है।
राज्य निर्वाचन आयुक्त आरपी सिंह के मुताबिक सात जनवरी से 16 मार्च के बीच दावे और आपत्तियों के निस्तारण के बाद हस्तलिखित पांडुलिपियां तैयार करना, संभावित डुप्लीकेट मतदाताओं के सत्यापन व ऐसे मामलों समेत अन्य दस्तावेजी कार्य किया जाएगा।
21 फरवरी से 16 मार्च के बीच पूरक सूचियों की कंप्यूटरीकरण की तैयारी व उन्हे मूल सूची में समाहित करने के साथ मतदान केंद्रों व स्थलों का निर्धारण किया जाएगा। 17 मार्च से 13 अप्रैल 2026 तक मतदान केंद्रों का क्रमांकन, मतदेय स्थलों के वार्डों की मैपिंग, मतदाता क्रमांकन, स्टेट वोटर नंबर का आवंटन आदि काम किए जाएंगे। इसके बाद 15 अप्रैल को अंतिम सूची प्रकाशित की जाएगी।